पीएम मोदी के बयान पर वांगचुक ने तोड़ दिया अनशन लेकिन CJP क्या बोल गई

नीट पेपर लीक पर आखिरकार गतिरोध टूटने लगा है। बीती देर रात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जारी किए वीडियो, जिसमें उन्होंने पेपर लीक के खिलाफ कड़े प्रावधान वाले विधेयक को संसद में पेश किए जाने की बात कही थी, उसके बाद मेदांता अस्पताल में भर्ती सोनम वांगचुक ने अपना अनशन भी तोड़ दिया था। सरकार के मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह खुद वांगचुक के पास जाकर उनका अनशन तुड़वाया लेकिन इधर कॉक्रोच जनता पार्टी का रुख ही कुछ अलग हो रहा है। सीजेपी ने अभी तक धरना खत्म करने की बात नहीं कही है।
सीजेपी क्या दी प्रतिक्रिया?
पीएम मोदी के वीडियो पर तो सीजेपी के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा कि पहले धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लीजिए, यही सबसे सख्त कार्रवाई है जो आप कर सकते हैं। वहीं सीजेपी के फाउंडर अभिजीत दिपके ने इस वीडियो पर एक पोस्ट शेयर किया है जिसमें वो एक शख्स उस परिसर का गेट बंद करता हुआ नजर आ रहा है, जहां कोई दीवार ही नहीं है। सियासी जानकार इसे पीएम के वीडियो पर असहमति जताने के तौर पर देख रहे हैं।
क्या कहा है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने?
देर रात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक वीडियो जारी कर कहा कि पेपर लीक को लेकर के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए कल (आज) कैबिनेट में चर्चा होगी। पेपर लीक कोई मामूली बात नहीं है। इससे लाखों छात्रों और उनके पैरेंट्स को बहुत तकलीफ होती है। पिछले ढाई महीनों में पेपर लीक की घटनाओं के बाद सरकार ने कई कदम उठाए हैं और दोषियों को जेल भेजा है। आज इस मामले में और बड़ी कार्रवाई होगी।
पीएम मोदी ने आगे कहा कि सरकार की जिम्मेदारी है कि स्टूडेंट्स का साल बर्बाद ना हो। इसीलिए कम से कम समय़ में 22 लाख छात्रों के लिए दोबारा परीक्षा का इंतजाम किया गया। 19 जुलाई को तो नतीजे भी जारी कर दिए गए। लेकिन सरकार केवल इतनी कार्रवाई से ही संतुष्ट होने वाली नहीं है। संबंधित विभागों को दोषियों पर जल्द से जल्द कार्रवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने के निर्देष पहले ही दे दिए हैं। इसका मसौदा भी तैयार होकर मेरे पास आ गया है। इसी पर अब शुक्रवार यानी आज कैबिनेट में चर्चा होगी और इसे अंतिम रूप दिया जाएगा। सरकार जल्द ही इस विधेयक को सदन में पारित कराने की कोशिश करेगी।
उच्च शिक्षा विभाग का बदल दिया सचिव
केंद्र सरकार पेपर लीक मामले में हर किसी की जवाबदेही को तैयार है। सरकार ने उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी को हटा दिया है। उनकी जगह नरेश पाल गंगवार को नियुक्त किया है।
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