होम/national/gold-silver-rate-19-june-after-america-iran-peace-deal-crude-oil-falls

अमेरिका-ईरान शांति समझौते के बाद क्रूड तो टूटा लेकिन सोना-चांदी में नहीं आई बड़ी राहत, जानें आज का भाव

अमेरिका-ईरान शांति समझौते के बाद क्रूड तो टूटा लेकिन सोना-चांदी में नहीं आई बड़ी राहत, जानें आज का भाव
राष्ट्रीय
19 Jun 2026, 09:53 am
रिपोर्टर : Jyoti Sharma

Gold Silver Rate: अमेरिका और ईरान के बीच हुए शांति समझौते के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल यानी क्रूड ऑयल की कीमतों में तेज गिरावट देखने को मिली है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से तेल आपूर्ति सामान्य होने की उम्मीद के चलते ब्रेंट क्रूड लगातार दबाव में है, लेकिन इसके बावजूद भारतीय सर्राफा बाजार में सोना और चांदी के दामों में कोई बड़ी गिरावट नहीं आई।

क्या है भारत में रेट?

देश के कई राज्यों में गुडरिटर्न्स की वेबसाइट के मुताबिक 24 कैरेट सोने का भाव 1,49,650 रुपए प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा है तो वहीं 22 कैरेट सोना 1,37,190 रुपए प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा है। वहीं चांदी 2,59,900 रुपए प्रति किलो पर आ गई है।

राजस्थान में क्या हैं दाम?

राजस्थान में भी सोने-चांदी के भाव लगभग देश के प्रमुख राज्यों और शहरों के बराबर ही चल रहे हैं। राजधानी जयपुर में 24 कैरेट सोने का भाव 10 रुपए गिरकर 1,49,650 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया है। वहीं 22 कैरट का भाव भी 10 रुपए गिरकर 1,37,190 रुपए प्रति 10 ग्राम हुआ है। इसके अलावा चांदी 100 रुपए कम होकर 2,59,900 रुपए प्रति किलो पर बनी हुई है।

जानकारों का कहना है कि आमतौर पर भू-राजनीतिक तनाव कम होने पर निवेशक सुरक्षित निवेश माने जाने वाले सोने और चांदी से दूरी बनाते हैं, जिससे इनके दाम नीचे आते हैं। हालांकि इस बार तस्वीर पूरी तरह अलग दिखाई दे रही है। अमेरिका-ईरान समझौते से तेल बाजार को राहत जरूर मिली, लेकिन सोना-चांदी की कीमतों पर इसका असर सीमित रहा।

क्रूड ऑयल में बड़ी गिरावट

अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें इस हफ्ते लगभग 9 प्रतिशत तक फिसल गई हैं। इसकी बड़ी वजह अमेरिका और ईरान के बीच अंतरिम शांति समझौता, होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही का फिर से शुरू होना और वैश्विक आपूर्ति संबंधी चिंताओं का कम होना है।

बाजार को उम्मीद है कि आने वाले समय में ईरानी तेल की आपूर्ति बढ़ सकती है, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में स्थिरता आएगी और तेल पर दबाव बना रहेगा।

आने वाले दिनों में सोना-चांदी की दिशा केवल मिडिल ईस्ट की स्थिति से तय नहीं होगी। अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति, डॉलर इंडेक्स और वैश्विक आर्थिक संकेतक ज्यादा अहम भूमिका निभाएंगे। अगर तेल की कीमतों में गिरावट जारी रहती है और वैश्विक तनाव और कम होता है, तब सर्राफा बाजार में दबाव बढ़ सकता है, लेकिन फिलहाल सोना-चांदी ने क्रूड ऑयल जैसी बड़ी गिरावट नहीं दिखाई है।

ये भी पढ़ें- ईरान-अमेरिका शांति समझौते की धज्जियाँ उड़ा रहा इजराइल, लेबनान में मनमानी से किया ड्रोन से हमला


इस लिंक को शेयर करें

ads

लेटेस्ट खबरें

ads
© 2026 Bharat Raftar. All rights reserved. Powered By Zentek.