कभी भीख मांगने वाले अलवर के गफरुद्दीन को मिला पद्मश्री, बोले- 'पीएम ने हालचाल पूछा, केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा के साथ खाया खाना'

Padma Shri Gaffaruddin Mewati: अलवर के रहने वाले गफरुद्दीन मेवाती को मंगलवार का दिन कभी नहीं भूल पाएंगे। मंगलवार यानी 26 मई को उन्हें राष्ट्रपति भवन में पद्मश्री अवार्ड से सम्मानित किया गया। कभी दोनों हाथ फैलाकर भीख मांगने वाले मेवाती के हाथों में जब कल पद्मश्री अवार्ड था तो ऐसा लग रहा था मानो उन्होंने पूरा जहां जीत लिया हो। अवार्ड मिलने के बाद राष्ट्रपति भवन में आयोजित हुए डिनर में उन्होंने चांदी के बर्तनों में खाना खाया। इस दौरान पीएम मोदी ने उनका हालचाल लिया। वहीं गृहमंत्री अमित शाह ने भी उनको बधाई दी। गफरुद्दीन मेवाती आज देश-दुनिया में अलवर का नाम रोशन कर चुके हैं। वे अब तक करीब 45 देशों में भपंग बजा चुके हैं।
लंदन में महिला ने लगाया था गले
पद्मश्री अवार्डी मेवाती लंदन में क्वीन एलिथाबेज की जन्मदिन पार्टी में भी भपंग बजा चुके हैं। इस कार्यक्रम के दौरान उन्होंने सभी को इतना मंत्र मुग्ध किया कि पार्टी में आई एक अंग्रेज महिला अपने आपको रोक नहीं पाई और उसने मेवाती को गले लगा लिया। फिलहाल गफरुद्दीन दिल्ली से अलवर स्थित अपने घर लौट चुके हैं। जहां उनका गाजे-बाजे के साथ स्वागत किया गया।
गफरुद्दीन ने भास्कर को दिए इंटरव्यू में बताया कि अवार्ड मिलने के बाद पीएम ने खुद आकर उनसे हाथ मिलाया और आत्मीयता से पूछा कि आप कैसे हैं? इसके बाद गृहमंत्री ने भी उनको बधाई दी। उन्होंने कहा कि वीआईपी लोगों के साथ उन्हें खाना खाने का अवसर मिला। उन्होंने बताया कि खाना खाते समय उनके साथ केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और भूपेंद्र यादव भी मौजूद थे। बता दें कि गफरूद्दीन भपंग बजाने के साथ-साथ लोक कथा गाने में भी माहिर है। उन्हें करीब 2500 दोहे मुंहजुबानी याद हैं। उन्होंने कहा कि ये कला ही उनकी पंूजी है इसी के कारण आज उनका पूरा जीवन बदल गया है।
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