डोटासरा का BJP पर बड़ा हमला- 'भरतपुर में लोकतंत्र की हत्या, सत्ता और पुलिसिया तंत्र का दुरुपयोग'

राजस्थान में नगर निकाय चुनाव के बाद मेयर, सभापति और चेयरमैन पद के चुनाव को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने बीजेपी और भजनलाल सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। डोटासरा ने दावा किया कि जहां निकाय चुनाव का जनादेश बीजेपी के पक्ष में नहीं आया, वहां सरकार पुलिस और प्रशासन का इस्तेमाल कर पार्षदों पर दबाव बना रही है। डोटासरा ने सबसे तीखा हमला मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के गृह जिले भरतपुर को लेकर किया।
'जनादेश स्वीकार नहीं कर पा रहे मुख्यमंत्री'
डोटासरा ने सोशल मीडिया पोस्ट में आरोप लगाया कि जनता के बीजेपी को नकारे जाने के बाद भी सत्ता और पुलिसिया तंत्र का इस्तेमाल कर बीजेपी ने अपना मेयर बनाने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस समर्थित निर्दलीय प्रत्याशी विचित्रा सिंह का बहुमत के आधार पर मेयर बनना तय था, लेकिन मुख्यमंत्री ने जनादेश स्वीकार करने के बजाय सरकार के मंत्री को भेजकर उनका नामांकन वापस करवा दिया।
डोटासरा ने आगे कहा कि भरतपुर नगर निगम में भाजपा को 65 में से सिर्फ 20 सीटें मिली, फिर भी सत्ता के दम पर मेयर बनाने का षड्यंत्र रचा गया। बहुमत के आधार पर कांग्रेस समर्थित निर्दलीय प्रत्याशी विचित्रा सिंह जी का मेयर बनना तय था। लेकिन मुख्यमंत्री जी ने जनादेश को स्वीकार करने के बजाय सरकार के मंत्री को भेजकर निर्दलीय प्रत्याशी का नामांकन वापस करवा दिया।
बानसूर से लेकर डेगाना तक बीजेपी की धमकियां
वहीं बानसूर में पूर्व मंत्री शकुंतला रावत के मजबूती से डटे रहने के बावजूद कांग्रेस के कैंप में बार-बार पुलिस भेजकर पार्षदों पर दबाव बनाया जा रहा है, उन्हें धमकाने की कोशिश की जा रही है। उधर फतहनगर में ममता चपलोत के निर्दलीय चेयरमैन प्रत्याशी के रूप में मैदान में उतरने के बाद उनके घर पर अवैध निर्माण का नोटिस देकर प्रताड़ित किया जा रहा है। कांग्रेस के कैंप में पुलिस जाकर धमका रही है। उदयपुर, अलवर, बीकानेर, कुचेरा, डेगाना, देवली-उनियारा समेत पूरे प्रदेश में भाजपाई सत्ता के दुरुपयोग का तांड़व चल रहा है।
बता दें कि भरतपुर में शुक्रवार को विचित्रा सिंह ने मेयर पद से अपना नामांकन वापस ले लिया। इसके बाद बीजेपी प्रत्याशी अनुराधा सिंह के निर्विरोध महापौर चुने जाने का रास्ता साफ हो गया है। नामांकन वापसी से पहले गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म और पूर्व मेयर शिव सिंह भोंट के बीच मुलाकात की भी रिपोर्ट सामने आई है।
ये भी पढ़ें- भरतपुर में मेयर चुनाव से पहले बड़ा खेल! मंत्री बेढम की मौजूदगी में निर्दलीय प्रत्याशी ने वापस लिया नामांकन, गहलोत ने लगाया दबाव का आरोप
ये भी पढ़ें- कुचेरा-डेगाना में भारी बवाल, पार्षदों को ले जा रही पुलिस... कांग्रेस बोली- जीते हुए प्रत्याशियों पर बीजेपी का दबाव
इस लिंक को शेयर करें

